ज़िज़ेक और मनुस्मृति: The Apostate Children Of God by Slavoj Žižek

The Apostate Children Of God | Slavoj Žižek.

Advertisements

दास्तान-ए-काकाका, हिंगलिश में रचा व देवनागरी (हिंदी) मे लिखा एक सूपर-हीरो उपन्यास!

मित्रों, दास्तान-ए-काकाका अप्रैल 2012 में हार्पर कॉलिन्स द्वारा प्रकाशित एक उपन्यास है जो हिन्दुस्तान की मुश्किलों को अपने ख़ास अंदाज़ में सुलझाने वाले एक सूपर-हीरो की कहानी है। यह नॉवल हिंगलिश में रचा गया है व देवनागरी में लिखा गया है, जो कि आज हिन्दुस्तान में आम ज़ुबान हो गई है। उसके पात्र असल ज़िंदगी में भी पाए जा सकते हैं, जेसा कि आपको इसे पढ़कर लगेगा।

करप्शन, धोखा, अत्याचार और ग़रीबों के शोषण से लड़ता हुआ यह सूपर-हीरो एक निराला ही सूपर-हीरो है। यह क़ातिलों का क़ातिल है, और इसे साम-दाम-दंड-भेद-नीति से उनसे बदला लेना है जो भारत को खोखला कर रहे हैं।

पर इस सूपर-हीरो की क्या कहानी है? क्यों वह इस पचड़े में पड़ना चाहता है?

पढ़िए दास्तान-ए-काकाका और जानिए।

यह मुख्य शहरों में  ख़ास-ख़ास किताबघरों पर उपलब्ध है पर ऑनलाइन बहुत-सी जगहों पर मिलता है। कहाँ मिलता है जानने के लिए इसी ब्लॉग में देखिए।

दास्तान-ए-काकाका एमेज़ौन पर उपलब्ध!

दोस्तों दास्तान-ए-काकाका अंतर-राष्ट्रीय किताब विक्रेता एमेज़ौन पर भी उपलब्ध है!

http://www.amazon.com/Dastan-Ka%C3%82%C2%B7Ka%C3%82%C2%B7Ka-Hindi-Edition-Choudhary/dp/9350291363

शुक्रिया!

अंश 2

अध्यायों की शीर्षक सूची

क्या आप भारत की मुश्किलों के निवारण के लिए का.का.का द्वारा बताए व उठाए गए रास्तों, तरीक़ों व समाधानों का समर्थन करते हैं: सैद्धांतिक, व्यावहारिक, साहित्यिक या किसी भी अन्य रूप में?